काठमांडू। प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह के निर्देश पर पर्यटकीय शहर पोखरा में फेवाताल के आसपास बनाए गए अवैध टहरों (अस्थायी ढांचों) को पोखरा महानगरपालिका ने हटाना शुरू कर दिया है। पोखरा के मेयर धनराज आचार्य ने बताया कि बीती मध्यरात प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह का फोन पर निर्देश मिलने पर महानगरपालिका ने शनिवार सुबह से डोजर चलाकर फेवाताल किनारे बने ढांचों को ध्वस्त करना शुरू कर दिया है।
महानगर प्रहरी प्रमुख पुरुषोत्तम थापा के अनुसार, अब तक 32 टहरों को डोजर की मदद से गिराया जा चुका है। उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई नेपाल पुलिस के सहयोग से की जा रही है। इससे पहले नवगठित संघीय सरकार ने फेवाताल क्षेत्र में हुए अतिक्रमण को तीन महीने के भीतर हटाने का निर्णय लिया था। मंत्रिपरिषद की 100-सूत्रीय कार्ययोजना में भी इस मुद्दे को शामिल किया गया था।
कार्रवाई के दौरान पर्यटन व्यवसायी कर्ण शाक्य के स्वामित्व वाले होटल वॉटरफ्रंट में भी डोजर चलाया गया। इस दौरान होटल का स्विमिंग पूल और गेट सहित कई संरचनाएं तोड़ी गईं। कास्की जिला प्रहरी कार्यालय के प्रवक्ता डीएसपी हरि बहादुर बस्नेत के अनुसार, इस अभियान में जिला पुलिस, बैदाम पुलिस कार्यालय, महानगर प्रहरी और सशस्त्र प्रहरी बल नेपाल के करीब 150 सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं। इस कार्रवाई पर कुछ स्थानीय निवासियों ने असंतोष भी व्यक्त किया है।









