नई दिल्ली। दिल्ली उच्च न्यायालय ने उत्तम नगर में होली के दौरान मृत तरुण भुटौलिया के परिवार के सदस्यों को सुरक्षा उपलब्ध कराने का आदेश दिया है। जस्टिस गिरीश कथपलिया की बेंच ने एडिशनल पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिया कि वो संबंधित एसएचओ को सुरक्षा उपलब्ध कराने का आदेश जारी करें।
कोर्ट ने कहा कि संबंधित एसएचओ पीड़ित परिवार को अपना मोबाइल नंबर उपलब्ध कराएं, ताकि किसी संकट के समय वो एसएचओ से संपर्क कर सकें। दरअसल, तरुण भुटौलिया के परिवार ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की थी। परिवार ने मांग की थी कि इस घटना से संबंधित सभी तरह के भड़काऊ वीडियो हटाने का दिशा-निर्देश जारी किए जाएं।
सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस ने कहा कि स्थानीय पुलिस सक्रिय है और वो हरसंभव सुरक्षा उपलब्ध कराएगी। दिल्ली पुलिस ने बताया कि जिस लेन में पीड़ित परिवार का घर है, वहां सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। उस इलाके में सांप्रदायिक सौहार्द्र बनाये रखने के लिए पुलिस पिकेट भी स्थापित किए गए हैं। दिल्ली पुलिस ने कहा कि करीब ढाई सौ भड़काऊ वीडियो सोशल मीडिया से हटाए गए हैं। उसके बाद कोर्ट ने एसीपी को निर्देश दिया कि वो संबंधित एसएचओ को निर्देश दें कि वो पीड़ित परिवार को पर्याप्त सुरक्षा मुहैया उपलब्ध कराया जाए।
दरअसल, 4 मार्च को होली के दौरान तरुण भुटौलिया नामक 26 वर्षीय युवक की हत्या कर दी गई थी। इस मामले में आरोपित मुस्लिम समुदाय का है, जिसकी वजह से इसे सांप्रदायिक रंग दिया गया था। इसके पहले 19 मार्च को दिल्ली उच्च न्यायालय ने उत्तम नगर में ईद पर खून की होली खेलने की धमकियों के मद्देनजर दिल्ली पुलिस और स्थानीय प्रशासन को निर्देश दिया था कि वो स्थिति को काबू में रखने के लिए कानून के मुताबिक हरसंभव उपाय करें। चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच ने दिल्ली पुलिस को निर्देश दिया कि ईद के मौके पर शांतिपूर्ण माहौल बनाने के लिए सुरक्षा की चाक चौबंद व्यवस्था करें।







